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राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के सेवा विभाग ने फिनोलेक्स पाइप्स के सहयोग से आयोजित किया कार्यक्रम, 70 स्वयंसेवकों ने निभाई सहभागिता

देहरादून।दीपावली का पर्व केवल दीप जलाने और खुशियां मनाने का अवसर नहीं, बल्कि समाज के प्रत्येक वर्ग के साथ उत्सव की खुशियां साझा करने और सेवा एवं सहयोग की भावना को मजबूत करने का भी संदेश देता है। इसी उद्देश्य के साथ राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के सेवा विभाग की ओर से सुभाष नगर की सेवा बस्ती ब्रह्मपुरी में दीपावली के अवसर पर सेवा कार्यक्रम आयोजित किया गया। फिनोलेक्स पाइप्स एवं फिटिंग्स के सहयोग से आयोजित इस कार्यक्रम में बस्ती के 500 परिवारों को खाद्य सामग्री वितरित की गई। इस पहल के माध्यम से जरूरतमंद परिवारों के साथ दीपावली की खुशियां साझा करने का प्रयास किया गया।

कार्यक्रम में राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के महानगर कार्यवाह सतेंद्र ने उपस्थित लोगों को संबोधित करते हुए संघ की ओर से प्रतिपादित पंच परिवर्तन के विषयों पर विस्तार से प्रकाश डाला। उन्होंने कहा कि समाज में सकारात्मक और स्थायी परिवर्तन लाने के लिए प्रत्येक व्यक्ति को अपने आचरण और व्यवहार में सामाजिक समरसता, कुटुंब प्रबोधन, पर्यावरण संरक्षण, स्व का बोध तथा नागरिक कर्तव्य जैसे विषयों को स्थान देना होगा। ये पांचों विषय केवल विचार तक सीमित न रहकर दैनिक जीवन का हिस्सा बनने चाहिए।

उन्होंने कहा कि सामाजिक परिवर्तन की शुरुआत व्यक्ति और परिवार से होती है। जब परिवारों में संस्कार, सामाजिक जिम्मेदारी और परस्पर सहयोग की भावना विकसित होगी, तभी समाज में व्यापक सकारात्मक बदलाव संभव होगा। समाज का प्रत्येक व्यक्ति अपने दायित्वों को समझे और दूसरे के सुख-दुख में सहभागी बने, यही समरस एवं संगठित समाज की आधारशिला है।

सतेंद्र ने कहा कि सामाजिक समरसता का अर्थ समाज के सभी वर्गों के बीच आत्मीयता और समान भाव विकसित करना है। समाज में किसी भी व्यक्ति को अकेला महसूस नहीं होना चाहिए। सेवा कार्यों के माध्यम से समाज के विभिन्न वर्गों के बीच संपर्क, संवाद और विश्वास का वातावरण तैयार होता है। दीपावली जैसे पर्व इस भावना को व्यवहार में उतारने का महत्वपूर्ण अवसर प्रदान करते हैं।

कार्यक्रम में फिनोलेक्स पाइप्स एवं फिटिंग्स के विपणन प्रमुख अमन भंडारी ने भी अपने विचार रखे। उन्होंने कहा कि सामाजिक सेवा के कार्यों में संस्थाओं और समाज के लोगों की सहभागिता महत्वपूर्ण है। त्योहारों की वास्तविक सार्थकता तभी है, जब उनकी खुशियां समाज के सभी वर्गों तक पहुंचें। समाज के प्रति संवेदनशीलता, सहयोग और जरूरतमंद लोगों के प्रति जिम्मेदारी का भाव ही सामाजिक संबंधों को मजबूत बनाता है।

उन्होंने सेवा कार्य में सहभागिता को सामाजिक दायित्व का महत्वपूर्ण हिस्सा बताते हुए कहा कि समाज के विभिन्न वर्गों को साथ लेकर चलने से आपसी विश्वास और सहयोग की भावना विकसित होती है। इस प्रकार के आयोजन त्योहारों के मूल संदेश को सार्थक बनाने के साथ सामाजिक जुड़ाव को भी बढ़ावा देते हैं।

इसके बाद स्वयंसेवकों ने ब्रह्मपुरी सेवा बस्ती के परिवारों तक खाद्य सामग्री पहुंचाने में सक्रिय भूमिका निभाई। कार्यक्रम में महानगर सेवा प्रमुख विजय, सुभाष नगर के नगर कार्यवाह सहित करीब 70 स्वयंसेवक उपस्थित रहे। सभी ने मिलकर सेवा कार्य को व्यवस्थित रूप से संपन्न कराया और बस्ती के परिवारों के साथ दीपावली की खुशियां साझा कीं।

उल्लेखनीय है कि दीपावली के अवसर पर आयोजित यह कार्यक्रम केवल खाद्य सामग्री वितरण तक सीमित नहीं रहा, बल्कि सामाजिक सहभागिता, आत्मीयता और परस्पर सहयोग का संदेश भी लेकर आया। सेवा बस्ती के 500 परिवारों तक पहुंचकर स्वयंसेवकों ने समाज के विभिन्न वर्गों के बीच संपर्क और अपनत्व बढ़ाने का प्रयास किया।

राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ की सेवा गतिविधियों का उद्देश्य समाज के अंतिम पंक्ति में खड़े व्यक्ति तक पहुंचना और उसे सामाजिक गतिविधियों से जोड़ना है। ब्रह्मपुरी में आयोजित इस कार्यक्रम के माध्यम से सेवा, समरसता और सामाजिक उत्तरदायित्व की भावना को आगे बढ़ाने का संदेश दिया गया। कार्यक्रम में शामिल स्वयंसेवकों ने भी सेवा को समाज के प्रति अपने दायित्व के निर्वहन का माध्यम बताया।

By admin