देहरादून,पुष्कर सिंह धामी ने मुख्यमंत्री घोषणाओं को समयबद्ध रूप से पूर्ण करने और उनकी प्रभावी मॉनिटरिंग के लिए प्रोग्राम इवैल्यूएशन एंड रिव्यू टेक्निक (पीईआरटी) चार्ट तैयार करने के निर्देश दिए हैं। उन्होंने बिजली, पेयजल, वनाग्नि, मानव-वन्यजीव संघर्ष तथा सड़कों से जुड़ी समस्याओं के शीघ्र समाधान के लिए संबंधित विभागों को स्पष्ट निर्देश दिए। साथ ही स्वास्थ्य सेवाओं को बेहतर बनाने पर विशेष ध्यान देने को कहा।
शनिवार को सचिवालय में आयोजित समीक्षा बैठक में मुख्यमंत्री ने विधानसभा क्षेत्रों यमकेश्वर, पौड़ी, श्रीनगर, चौबट्टाखाल, लैंसडाउन और कोटद्वार की प्रगति की विस्तृत समीक्षा की। उन्होंने अधिकारियों को निर्देशित किया कि विधायकगणों द्वारा उठाई जा रही जनसमस्याओं का प्राथमिकता के आधार पर समाधान सुनिश्चित किया जाए। जिन घोषणाओं के शासनादेश अभी तक जारी नहीं हुए हैं, उन्हें 15 जून 2026 तक अनिवार्य रूप से जारी करने के निर्देश भी दिए गए।
मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य के प्रत्येक विकासखंड में बालिकाओं के लिए एक-एक छात्रावास बनाया जाएगा। इसके लिए उन विद्यालयों को चिन्हित किया जाए जहां छात्राओं की संख्या अधिक है और आवश्यक भूमि की उपलब्धता सुनिश्चित की जाए। उन्होंने कोट ब्लॉक स्थित रघुनाथ मंदिर, लक्ष्मण मंदिर तथा फलस्वाड़ी स्थित सीता माता मंदिर को धार्मिक सर्किट के रूप में विकसित करने के निर्देश भी दिए।
उन्होंने कहा कि केंद्रीय विद्यालय खोलने के लिए विधायकगणों द्वारा भेजे जा रहे प्रस्तावों पर शिक्षा विभाग और जिलाधिकारी केंद्र सरकार के मानकों के अनुरूप आवश्यक कार्रवाई करें, ताकि शीघ्र स्वीकृति मिल सके। युवाओं की प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी के लिए पौड़ी में मल्टीपरपज हॉल निर्माण के निर्देश भी दिए गए।
मुख्यमंत्री ने यह भी निर्देश दिए कि रोपवे परियोजनाओं की अलग से समीक्षा की जाए, पार्किंग की समस्याओं का प्राथमिकता से समाधान किया जाए और सरकारी कार्यालयों में सोलर पैनल लगाए जाएं। उन्होंने विभागों को आपसी समन्वय के साथ कार्य करते हुए जनहित के कार्यों में तेजी लाने को कहा।
बैठक में सतपाल महाराज, धन सिंह रावत, रेनू बिष्ट, राजकुमार पोरी, दलीप सिंह रावत, आनंद बर्द्धन, आर. मीनाक्षी सुंदरम, शैलेश बगौली, रविनाथ रामन, पंकज कुमार पांडेय, आर. राजेश कुमार, रणवीर सिंह चौहान सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी मौजूद रहे। वर्चुअल माध्यम से विनय शंकर पाण्डेय और स्वाति भदौरिया भी बैठक में शामिल हुए।
